मुख्य बिंदु

    
  • घर खरीदने का महत्वपूर्ण घटक स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क का भुगतान करना रहा है.
  • मुंबई में स्टाम्प ड्यूटी महाराष्ट्र स्टाम्प ड्यूटी अधिनियम के तहत लगाई जाती है.
  • प्रॉपर्टी पर लगने वाली स्टाम्प ड्यूटी की राशि निर्धारित करने के लिए प्रॉपर्टी की लोकेशन सबसे प्रमुख आधार होती है.
  • ये शुल्क फ्रीहोल्ड और लीजहोल्ड भूमि (कृषि और गैर-कृषि संबंधी), घर, फ्लैट या कमर्शियल प्रॉपर्टी पर लागू होते हैं.
  • मुंबई में, स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क का भुगतान महाराष्ट्र सरकार की सरकारी जमा लेखा प्रणाली 2 (GRAS) के माध्यम से किया जा सकता है.
    

होम लोन, जिसे कभी-कभी हाउस लोन या हाउसिंग लोन भी कहा जाता है, वह राशि होती है, जो रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी का खरीदार, फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन जैसे कि बैंक या हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से उधार लेता है. अन्य लोन की तरह इस लोन पर भी ब्याज का भुगतान करना होता है, लेकिन इस लोन पर कुछ अन्य शुल्क व प्रभार भी लग सकते हैं. घर खरीदने में एक अहम घटक स्टाम्प ड्यूटी करना ​होता है, जो किसी भी प्रॉपर्टी के टाइटल का ट्रांसफर होने पर डॉक्यूमेंट पर लगाया जाने वाला टैक्स होता है. यह शुल्क आमतौर पर राज्य सरकार द्वारा लगाया जाता है और इसलिए स्टाम्प ड्यूटी का शुल्क हर राज्य में अलग-अलग होता है. स्टाम्प ड्यूटी के अलावा, रजिस्ट्रेशन शुल्क भी राज्य द्वारा लगाया जाता है. अगर आप मुंबई में घर खरीदना चाहते हैं, तो आपको स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क के संबंध में निम्नलिखित जानकारी होनी चाहिए.

The benefitमुंबई में स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क

मुंबई में स्टाम्प ड्यूटी महाराष्ट्र स्टाम्प ड्यूटी अधिनियम के तहत लगाई जाती है. अन्य राज्य की तुलना में मुंबई में अतिरिक्त 1 प्रतिशत शुल्क लागू होता है. विभिन्न इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट की फंडिंग के लिए मुंबई पर यह अतिरिक्त शुल्क लगाया गया था. मुंबई में स्टाम्प ड्यूटी शुल्क 6 प्रतिशत हैं, जबकि रजिस्ट्रेशन शुल्क 1 प्रतिशत है1.

The benefitमुंबई में स्टाम्प ड्यूटी का ओवरव्यू

प्रॉपर्टी की लोकेशन एक अहम कारक होती है यह निर्धारित करने के लिए राज्य द्वारा कितना स्टाम्प ड्यूटी लगाया जाएगा. मुंबई में स्टाम्प ड्यूटी कैसे लगाई जाती है, इसकी जानकारी यहां है:

क्षेत्र मुंबई में स्टाम्प ड्यूटी मुंबई में रजिस्ट्रेशन शुल्क
नगरपालिका सीमा के अंदर मार्केट वैल्यू का 6% मार्केट वैल्यू का 1%
MMRDA के भीतर किसी भी क्षेत्र की नगरपालिका परिषद/पंचायत/कैंट की सीमा के अंदर मार्केट वैल्यू का 4% मार्केट वैल्यू का 1%
ग्राम पंचायत सीमाओं के अंदर मार्केट वैल्यू का 3% मार्केट वैल्यू का 1%

स्रोत: http://igrmaharashtra.gov.in/

constructions

The benefitस्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क को प्रभावित करने वाले कारक

स्टाम्प ड्यूटी रजिस्ट्रेशन राज्य सरकार के द्वारा घर खरीदने वालों पर लगाया जाता है. ये फ्रीहोल्ड और लीजहोल्ड दोनों प्रकार की भूमि (कृषि और गैर-कृषि संबंधी) और अन्य प्रकार की प्रॉपर्टी जैसे घर, फ्लैट या कमर्शियल प्रॉपर्टी पर भी लागू होते हैं. ऐसे कुछ कारक हैं, जो निर्धारित करते हैं कि मुंबई में रजिस्ट्रेशन और स्टाम्प ड्यूटी में कितना होगी:

1. मार्केट वैल्यू: प्रॉपर्टी की मार्केट वैल्यू और प्रॉपर्टी के क्षेत्र को ध्यान में रखकर स्टाम्प ड्यूटी की गणना की जाती है.

2. प्रॉपर्टी का प्रकार: स्टाम्प ड्यूटी का शुल्क प्रॉपर्टी के प्रकार पर भी निर्भर करता है. उदाहरण के लिए, रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी की तुलना में कमर्शियल प्रॉपर्टी पर अधिक स्टाम्प ड्यूटी लगाई जाती है.

3. न्यायिक क्षेत्र: नगरपालिका के क्षेत्रों और शहरी क्षेत्रों की प्रॉपर्टी पर अधिक स्टाम्प ड्यूटी लगाई जाती है; जबकि पंचायत क्षेत्रों की ग्रामीण प्रॉपर्टी पर स्टाम्प ड्यूटी की दर कम होती है.

The benefitमुंबई में स्टाम्प ड्यूटी का भुगतान कैसे करें?

मुंबई में, रजिस्ट्रेशन और स्टाम्प विभाग को स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन शुल्क का भुगतान महाराष्ट्र सरकार की सरकारी जमा लेखा प्रणाली 2 (GRAS) के माध्यम से किया जा सकता है. यूज़र को अपना स्थायी अकाउंट नंबर (PAN) और दूसरी पार्टी का PAN नंबर और प्रॉपर्टी का पूरा विवरण GRAS पोर्टल पर प्रदान करना होगा. ई-भुगतान के साथ-साथ बैंक काउंटर पर किए जाने वाले भुगतान (कैश/चेक द्वारा) वेबसाइट पर किया जा सकते हैं. आप वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करके या बिना रजिस्ट्रेशन करें भुगतान कर सकते हैं. ‘यूज़र का प्रकार’ में जाकर ‘नागरिक’ चुनें और फिर ‘अपना डॉक्यूमेंट रजिस्टर करने के लिए भुगतान करें’ पर क्लिक करें. आपको केवल स्टाम्प ड्यूटी का भुगतान करें या स्टाम्प ड्यूटी के साथ रजिस्ट्रेशन शुल्क का एक साथ भुगतान करें, दोनों विकल्प मिलेगा. अपने पसंदीदा विकल्प पर क्लिक करके उसका चुनाव करें. इसके बाद आपको जिला, आप किस ऑफिस के तहत अपना डॉक्यूमेंट रजिस्टर करवाना चाहते हैं, डॉक्यूमेंट का प्रकार (सेल एग्रीमेंट,गिफ्ट डीड आदि) भुगतान की राशि, प्रॉपर्टी का विवरण, प्रॉपर्टी की वैल्यू जैसे कई विवरण भरने के लिए कहा जाएगा.

जब आप होम लोन लेते हैं, तो आपको स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन दोनों शुल्क को ध्यान में रखना चाहिए क्योंकि इनका आपके घर की लागत में महत्वपूर्ण हिस्सा होता है. इन शुल्कों का भुगतान काफी आसान कर दिया गया है और ऑनलाइन किया जा सकता है, जिससे पारदर्शिता बढ़ती है और प्रॉपर्टी खरीदने में आसानी होती है.

अपने विचार साझा करें

इस जानकारी को निजी रखा जाएगा और सार्वजनिक रूप से नहीं दिखाया जाएगा.